


राजीव कुमार गौड़
डॉ. सुशीला तिवारी जी की पुण्यतिथि के अवसर पर आज डॉ. सुशीला तिवारी चिकित्सालय, हल्द्वानी में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम में कांग्रेसजनों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने उपस्थित होकर उन्हें नमन किया तथा उनके योगदान को याद किया।
डॉ. सुशीला तिवारी जी उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय पंडित नारायण दत्त तिवारी जी की धर्मपत्नी थीं। उनकी स्मृति में स्थापित डॉ. सुशीला तिवारी चिकित्सालय आज पूरे कुमाऊं क्षेत्र का सबसे बड़ा एवं प्रमुख सरकारी अस्पताल बन चुका है, जहां प्रतिदिन हजारों गरीब एवं जरूरतमंद मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं। यह अस्पताल पहाड़ और दूरस्थ क्षेत्रों से आने वाले लोगों के लिए जीवनदायिनी भूमिका निभा रहा है।
जिला प्रवक्ता श्री हरेंद्र क्वीरा ने कहा कि जिस उद्देश्य और जनसेवा की भावना के साथ इस अस्पताल की स्थापना की गई थी, आज उसे और अधिक मजबूत करने की आवश्यकता है। लेकिन वर्तमान भाजपा सरकार स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को सुधारने में पूरी तरह विफल साबित हो रही है। प्रदेश के सबसे बड़े अस्पतालों में शामिल होने के बावजूद मरीजों को आज भी कई मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ता है। सरकार केवल घोषणाओं तक सीमित है, जबकि जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति लगातार चिंता का विषय बनी हुई है।
समाजसेवी श्री हेमन्त पाल आर्य ने कहा कि डॉ. सुशीला तिवारी जी का जीवन सेवा, समर्पण और मानवता की मिसाल था। उन्होंने हमेशा समाज के गरीब, कमजोर एवं जरूरतमंद लोगों के हितों को प्राथमिकता दी। उन्होंने कहा कि आज जरूरत इस बात की है कि सरकार अस्पताल की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाकर आम जनता को वास्तविक राहत पहुंचाने का कार्य करे, ताकि दूर-दराज़ क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को परेशानियों का सामना न करना पड़े।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी लोगों ने डॉ. सुशीला तिवारी जी को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए उनके बताए सेवा और जनकल्याण के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में जिला प्रवक्ता श्री हरेंद्र क्वीरा, समाजसेवी श्री हेमन्त पाल आर्य,अंकित पाल,विद्या क्वीरा,राहुल साह,सुमित कुमार,एवं अन्य सम्मानित साथियों ने सहभागिता की।
